हस्ताक्षर : मासिक साहित्यिक वेब पत्रिका
प्रज्ञा प्रकाशन, सांचोर द्वारा प्रकाशित
जून 2019
अंक -50

प्रधान संपादक : के.पी. 'अनमोल'
संस्थापक एवं संपादक: प्रीति 'अज्ञात'
तकनीकी संपादक : मोहम्मद इमरान खान

प्रकृति, पर्यावरण और पृथ्वी
प्रकृति, पर्यावरण और पृथ्वी    प्रकृति के इंद्रधनुष से सजी इस सृष्टि को जब-जब निहारते हैं, इसे दाता के रूप में ही पाते आये हैं। सदियों से ये धरती हम सबका भार सह रही है। नदी, पहाड़, झरने, वनस्पति इन सभी ने मिलकर जीवन संभव किया। सूरज ने ऊर्जा भरी सुबह देकर हमें आगे बढ़ने की प्रेरणा दी तो चाँद ने थके हुए मनुष्य को अपनी नर्म बाँहों की सुकून भरी थपकी देकर उसकी हर थकान को दूर किया। प्राणवायु साँसों को अबाध गति प्रदान करती रही। सदियों से अडिग खड़े पहाड़ों को देख इच्छाशक्ति को और भी दृढ़ता प्राप्त होती है एवं इनसे गुज़रती हिमनदी हृदय में भीतर ग़ज़ब का आत्मविश्वास भर देती है। बहते पानी की आवाज़ किसी नवजात शिशु की किलकारी बन खूब ....
 
Share
इस अंक में ......

साहित्य में प्रकृति एवं पर्यावरण

हस्ताक्षर
कविता-कानन
ग़ज़ल-गाँव
गीत-गंगा
कथा-कुसुम
आलेख/विमर्श
छंद-संसार
जो दिल कहे
ख़ास-मुलाक़ात
मूल्यांकन
धरोहर
देशावर
व्यंग्य
हाइकु
बाल-वाटिका
ज़रा सोचिए!
विशेष
यादें!
संस्मरण
यात्रा वृत्तांत
जयतु संस्कृतम्
आवरण